छत्तीसगढ़: आंगनबाड़ी केंद्र में मासूम को बंद कर चली गईं कार्यकर्ता और सहायिका, दोनों के खिलाफ लिखित शिकायत

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
Published by: प्रशांत कुमार झा
Updated Thu, 14 Oct 2021 03:35 PM IST

सार

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका की लापरवाही से तीन साल की बच्ची की जान जाते-जाते बच गई। आंगनबाड़ी केंद्र के अंदर देखे बिना ही कमरे में ताला लगाकर अपने-अपने घर चली गईं। इस दौरान बच्ची का रो रोकर बुरा हाल हो चुका था। बच्ची को खोजते हुए जब परिजन आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचे तो रोने की आवाज सुनाई दी। उन्होंने किसी तरह बच्ची को बेसुध हालत में वहां से निकाला। 

सांकेतिक तस्वीर
– फोटो : सोशल मीडिया

ख़बर सुनें

दुर्ग जिले की एक आंगनबाड़ी केंद्र में एक मासूम दो घंटे तक कमरे में बंद पड़ी रह गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका की लापरवाही से तीन साल की बच्ची की जान जाते-जाते बची। केंद्र के अंदर बिना जांच परख किए ही केंद्र में ताला लगाकर अपने-अपने घर चली गईं। जब तय समय पर बच्ची घर नहीं पहुंची तो परिजन परेशान हो गए। उसे ढूंढने के लिए केंद्र की ओर पहुंचे। जहां तीन साल की बच्ची रोते-रोते बेसुध हालत में पड़ी मिली।

कारण बताओ नोटिस जारी
परिजन किसी तरह बच्ची को कमरे से बाहर निकाले और लिटिया सेमरिया पुलिस चौकी पहुंचे और मामले की लिखित शिकायत की।  इसकी शिकायत महिला बाल विकास विभाग से भी की गई है। इसपर धमधा सीडीपीओ ने संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका को कारण बताओ नोटिस जारी किया और मामले में जांच के आदेश भी दिए हैं।

परिजनों की शिकायत पर कार्रवाई
यह घटना जिले धमधा ब्लॉक के तहत ग्राम टेमरी की है। यहां के आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 2 में बुधवार को देवांगन परिवार की 3 साल की बच्ची अकेली गई थी। इसके बाद बच्ची खेलने लगी और उसे छोड़ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका दूसरे काम में लग गईं। सुबह करीब 10.45 बजे केंद्र पहुंची बच्ची अकेले खेलते-खेलते दूसरी तरफ चली गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका केंद्र में ताला बंद कर अपने घर चली गईं। 

विस्तार

दुर्ग जिले की एक आंगनबाड़ी केंद्र में एक मासूम दो घंटे तक कमरे में बंद पड़ी रह गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका की लापरवाही से तीन साल की बच्ची की जान जाते-जाते बची। केंद्र के अंदर बिना जांच परख किए ही केंद्र में ताला लगाकर अपने-अपने घर चली गईं। जब तय समय पर बच्ची घर नहीं पहुंची तो परिजन परेशान हो गए। उसे ढूंढने के लिए केंद्र की ओर पहुंचे। जहां तीन साल की बच्ची रोते-रोते बेसुध हालत में पड़ी मिली।

कारण बताओ नोटिस जारी

परिजन किसी तरह बच्ची को कमरे से बाहर निकाले और लिटिया सेमरिया पुलिस चौकी पहुंचे और मामले की लिखित शिकायत की।  इसकी शिकायत महिला बाल विकास विभाग से भी की गई है। इसपर धमधा सीडीपीओ ने संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका को कारण बताओ नोटिस जारी किया और मामले में जांच के आदेश भी दिए हैं।

परिजनों की शिकायत पर कार्रवाई

यह घटना जिले धमधा ब्लॉक के तहत ग्राम टेमरी की है। यहां के आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक 2 में बुधवार को देवांगन परिवार की 3 साल की बच्ची अकेली गई थी। इसके बाद बच्ची खेलने लगी और उसे छोड़ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका दूसरे काम में लग गईं। सुबह करीब 10.45 बजे केंद्र पहुंची बच्ची अकेले खेलते-खेलते दूसरी तरफ चली गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका केंद्र में ताला बंद कर अपने घर चली गईं। 



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Author: riteshkucc01

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