UP: खाद्यान्न घोटाले में रिटायर्ड एडीओ गिरफ्तार, ईओडब्ल्यू वाराणसी की टीम ने आरोपी को गाजीपुर से धर दबोचा

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  


अमर उजाला नेटवर्क, बलिया
Published by: हरि User
Updated Wed, 15 Sep 2021 08:51 PM IST

सार

जांच एजेंसी के अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में कई आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। वर्ष 2006 में बलिया जिले के 14 थानों में 51 मुकदमे पंजीकृत हुए थे।
 

खाद्यान्न घोटाले के आरोप में गिरफ्तार रिटायर्ड एडीओ धर्मदेव सिंह। (लाल घेरे में)
– फोटो : सोशल मीडिया।

ख़बर सुनें

काम के बदले अनाज योजना में हुई धांधली की जांच कर रही ईओडब्ल्यू वाराणसी की टीम ने निरीक्षक सुनील कुमार वर्मा के नेतृत्व में बुधवार को सेवानिवृत्त सहायक विकास अधिकारी (सहकारिता) धर्मदेव सिंह को गाजीपुर जनपद के शेरपुर कला गांव स्थित आवास से गिरफ्तार कर लिया।

आरोपी वर्ष 1995 में बलिया जनपद के मुरलीछपरा ब्लॉक में एडीओ के पद पर तैनात रहा। जांच एजेंसी के अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में कई आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। वर्ष 2006 में बलिया जिले के 14 थानों में 51 मुकदमे पंजीकृत हुए थे, जिसमें लगभग छह हजार से ऊपर आरोपी हैं। इस पूरे प्रकरण में तत्कालीन सीडीओ के साथ-साथ जिला पंचायत, ग्राम पंचायत से जुड़े अफसरों, वीडीओ, सचिव और कोटेदार शामिल हैं।

ईओडब्ल्यू के निरीक्षक के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी द्वारा सहअभियुक्तों संग मिलकर विकास कार्यों में मानकों का उल्लंघन कर लगभग 14.50 लाख रुपये का खाद्यान्न और 15.80 लाख रुपये का नकद भुगतान फर्जी तरीके से दिखा कर गबन किया गया था। आरोपी के विरुद्ध वर्ष 2006 में थाना दोकटी, जनपद बलिया में अभियोग पंजीकृत है। आरोपी को वाराणसी एंटी करप्शन कोर्ट में पेश किया जाएगा। गिरफ्तार करने वाली टीम में निरीक्षक अरविंद कुमार, मुख्य आरक्षी शशिकांत सिंह, विनोद कुमार और आरक्षी विनीत पांडेय शामिल रहे।

विस्तार

काम के बदले अनाज योजना में हुई धांधली की जांच कर रही ईओडब्ल्यू वाराणसी की टीम ने निरीक्षक सुनील कुमार वर्मा के नेतृत्व में बुधवार को सेवानिवृत्त सहायक विकास अधिकारी (सहकारिता) धर्मदेव सिंह को गाजीपुर जनपद के शेरपुर कला गांव स्थित आवास से गिरफ्तार कर लिया।

आरोपी वर्ष 1995 में बलिया जनपद के मुरलीछपरा ब्लॉक में एडीओ के पद पर तैनात रहा। जांच एजेंसी के अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में कई आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। वर्ष 2006 में बलिया जिले के 14 थानों में 51 मुकदमे पंजीकृत हुए थे, जिसमें लगभग छह हजार से ऊपर आरोपी हैं। इस पूरे प्रकरण में तत्कालीन सीडीओ के साथ-साथ जिला पंचायत, ग्राम पंचायत से जुड़े अफसरों, वीडीओ, सचिव और कोटेदार शामिल हैं।

ईओडब्ल्यू के निरीक्षक के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी द्वारा सहअभियुक्तों संग मिलकर विकास कार्यों में मानकों का उल्लंघन कर लगभग 14.50 लाख रुपये का खाद्यान्न और 15.80 लाख रुपये का नकद भुगतान फर्जी तरीके से दिखा कर गबन किया गया था। आरोपी के विरुद्ध वर्ष 2006 में थाना दोकटी, जनपद बलिया में अभियोग पंजीकृत है। आरोपी को वाराणसी एंटी करप्शन कोर्ट में पेश किया जाएगा। गिरफ्तार करने वाली टीम में निरीक्षक अरविंद कुमार, मुख्य आरक्षी शशिकांत सिंह, विनोद कुमार और आरक्षी विनीत पांडेय शामिल रहे।



Source link

Author: riteshkucc01

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *