मुख्यमंत्री योगी ने स्वामित्व योजना को गरीबों को हक देने के लिए बताया नई क्रांति, काशी के लाभार्थी से की बात  


संबोधित करते सीएम योगी
– फोटो : अमर उजाला

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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वामित्व योजना अंतर्गत ग्रामीण गरीब लोगों को उनके आवासीय जमीनों के भूखण्डों का मालिकाना हक देने की ग्रामीण आवासीय अभिलेख घरौनी योजना को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शिता का द्योतक बताया।

उन्होंने कहा कि स्वामित्व योजना के अंतर्गत सदियों से गांव की आबादी की जमीन पर अपना मकान बनाकर रह रहे लोगों को उनके उस मकान के भूखंड का सरकारी अभिलेखों के द्वारा मालिकाना हक दिया जा रहा है। इससे अब वह गरीब आदमी अपने उस जमीन का मालिक बन जा रहा है। सीएम योगी शुक्रवार को स्वामित्व योजना के शुभारंभ पर लाभार्थियों को संबोधित कर रहे थे। 

उन्होंने लाभार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी की जमीन पर अपना मकान बनाकर रह रहे गरीब लोगों का उनके उस जमीन पर अब तक मालिकाना हक न होने के कारण गांव के दबंग उनके जमीनों पर कब्जा करते थे।

कभी-कभार जब उनके मकान क्षतिग्रस्त हो जाते थे, तो दोबारा उसी मकान को गांव के दबंग नहीं बनाने देते थे और उस जमीन पर वे अपना मालिकाना हक जताते थे। लेकिन अब स्वामित्व योजना के तहत गरीब को उसके जमीन पर मालिकाना हक देने के बाद जहां गांव में दबंग जबरदस्ती एवं गलत तरीके से उसकी जमीन पर अब कब्जा नहीं कर सकेंगे। 

योजना के वाराणसी के लाभार्थी पूरा मझिला निवासी रविशंकर से संवाद करते हुए पूछा कि जमीन का मालिकाना हक एवं अधिकार आज उन्हें मिल रहा है उन्हें कैसा महसूस हो रहा है। रविशंकर ने खुशी जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं  मुख्यमंत्री योगी का धन्यवाद देते हुए बताया कि वर्ष 2008 से उनका मकान गांव की आबादी की जमीन पर बना था, लेकिन जमीन का कोई कागज उनके पास नहीं था।
 

जिससे उन्हें काफी डर लगता था। गांव के लोगों की नजर भी उनकी जमीन पर लगी रहती थी। आज जमीन का मालिकाना हक सरकार से मिलने पर वे तथा उनका पूरा परिवार बेहद खुश व सुकून महसूस कर रहे हैं।

योजना में वाराणसी के 33 राजस्व ग्राम में 1404 लोगों को स्वामित्व योजना अंतर्गत उनकी जमीन का मालिकाना हक स्वरूप घरौनी प्रपत्र उन्हें उपलब्ध कराया गया। इस प्रकार वाराणसी में अब तक 42 राजस्व ग्राम सभाओं में 1995 लोगों को घरौनी उपलब्ध कराया जा चुका है।
 
कमिश्नर दीपक अग्रवाल एवं जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने पूरा मझिला निवासी रविशंकर,गजापुर निवासिनी मंजू, मुकरमा निवासी चंद्रबली, लडुवाई निवासी राजेश तिवारी तथा लालपुर निवासी ओमप्रकाश यादव मौजूद रहे।  

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वामित्व योजना अंतर्गत ग्रामीण गरीब लोगों को उनके आवासीय जमीनों के भूखण्डों का मालिकाना हक देने की ग्रामीण आवासीय अभिलेख घरौनी योजना को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शिता का द्योतक बताया।

उन्होंने कहा कि स्वामित्व योजना के अंतर्गत सदियों से गांव की आबादी की जमीन पर अपना मकान बनाकर रह रहे लोगों को उनके उस मकान के भूखंड का सरकारी अभिलेखों के द्वारा मालिकाना हक दिया जा रहा है। इससे अब वह गरीब आदमी अपने उस जमीन का मालिक बन जा रहा है। सीएम योगी शुक्रवार को स्वामित्व योजना के शुभारंभ पर लाभार्थियों को संबोधित कर रहे थे। 

उन्होंने लाभार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी की जमीन पर अपना मकान बनाकर रह रहे गरीब लोगों का उनके उस जमीन पर अब तक मालिकाना हक न होने के कारण गांव के दबंग उनके जमीनों पर कब्जा करते थे।

कभी-कभार जब उनके मकान क्षतिग्रस्त हो जाते थे, तो दोबारा उसी मकान को गांव के दबंग नहीं बनाने देते थे और उस जमीन पर वे अपना मालिकाना हक जताते थे। लेकिन अब स्वामित्व योजना के तहत गरीब को उसके जमीन पर मालिकाना हक देने के बाद जहां गांव में दबंग जबरदस्ती एवं गलत तरीके से उसकी जमीन पर अब कब्जा नहीं कर सकेंगे। 

योजना के वाराणसी के लाभार्थी पूरा मझिला निवासी रविशंकर से संवाद करते हुए पूछा कि जमीन का मालिकाना हक एवं अधिकार आज उन्हें मिल रहा है उन्हें कैसा महसूस हो रहा है। रविशंकर ने खुशी जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं  मुख्यमंत्री योगी का धन्यवाद देते हुए बताया कि वर्ष 2008 से उनका मकान गांव की आबादी की जमीन पर बना था, लेकिन जमीन का कोई कागज उनके पास नहीं था।

 



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Author: riteshkucc01

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